Ram Mandir राम मंदिर अयोध्या इतिहास, मॉडल, वास्तुकला की जानकारी

Ram Mandir राम मंदिर अयोध्या इतिहास, मॉडल, वास्तुकला की जानकारी

Ram Mandir : भारत के राज्य उत्तर प्रदेश के अयोध्या जिले में बनने वाला राम मंदिर या राम जन्मभूमि मंदिर एक हिंदू मंदिर है। राम मंदिर (Ram Mandir) का निर्माण भगवान राम के पवित्र राम जन्मभूमि स्थल के ऊपर किया जाएगा। जिस जगह इसका निर्माण हो रहा है, उस स्थान को हिंदू धर्म को मानने वाले भगवान राम का जन्म स्थान मानते हैं।

राम मंदिर (Ram Mandir) का निर्माण श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट (Shri Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra Trust) द्वारा सरकार की देख-रेख में किया जा रहा है।

श्री राम मंदिर, अयोध्या की जानकारी

  • धर्म – हिंदू
  • देवता – श्री राम
  • त्योहार – दिवाली, राम नवमी, दशहरा
  • स्थान – राम जन्मभूमि, अयोध्या, उत्तर प्रदेश
  • देश – भारत
  • निर्माता – श्री राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र
  • वास्तुकार – चंद्रकांत सोमपुरा, निखिल सोमपुरा और आशीष सोमपुरा
  • मंदिर निर्माण की स्थिति – निर्माणाधीन
  • मंदिरों की संख्या – 1

राम मंदिर का इतिहास

भगवान राम, हिंदू देवता हैं। राम चन्द्र जी को हिंदू देवता भगवान विष्णु का अवतार माना जाता है। प्राचीन भारतीय महाकाव्य रामायण के अनुसार राम का जन्म अयोध्या में हुआ था। इस जगह को राम जन्मभूमि या राम के जन्मस्थान के रूप में जाना जाता है। 15वीं शताब्दी में मुगलों ने राम जन्मभूमि हिंदू मंदिर को ध्वस्त कर उस जगह पर एक मस्जिद का निर्माण किया था। जिसे बाबरी मस्जिद के नाम से जाना जाता था।

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राम मंदिर – बाबरी मस्जिद का यह विवाद 1850 के दशक में पहली बार हिंसक रूप में सामने आया था। इसके बाद दिसंबर 1992 में बाबरी मस्जिद को हिंदू संगठनों के समूह ने तोड़ दिया था। इसके बाद कई कानूनी विवाद भी हुए, इन सबको शांत करने के लिए सरकार और कोर्ट द्वारा कई उपाय किए गए। जैसे कि अयोध्या अध्यादेश 1993 (Ayodhya Ordinance 1993) लाकर सरकार ने विवादित क्षेत्र के आस पास की भूमि का अधिग्रहण किया।

इसके बाद अयोध्या विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के 2019 के फैसले के बाद ही इस भूमि को सरकार द्वारा गठित एक ट्रस्ट को सौंपने का फैसला किया गया था। सरकार ने मंदिर के निर्माण और प्रबंधन के लिए सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देश के अनुसार “श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट” का गठन किया था। 5 फरवरी 2020 को संसद में घोषणा की गई कि केंद्रीय मंत्रिपरिषद ने मंदिर निर्माण की एक योजना को स्वीकार कर लिया है।

राम मंदिर वास्तुकला :

अयोध्या में बनने वाले राम मंदिर का डिजाइन 1988 में तैयार किया गया था। सुप्रीम कोर्ट का फैसला राम मंदिर के पक्ष में आने के बाद एक 2020 में मंदिर के लिए नया डिजाइन तैयार किया गया। नई डिजाइन के अनुसार राम मंदिर 300 फीट लंबा, 280 फीट चौड़ा, और 161 फीट ऊंचा बनाया जाएगा। मंदिर के मुख्य वास्तुकार (डिजाइनर) चंद्रकांत सोमपुरा हैं साथ में उनके दो बेटे निखिल सोमपुरा और आशीष सोमपुरा ने भी डिजाइन बनाने में योगदान दिया है। चंद्रकांत सोमपुरा और उनके दोनों बेटे पेशे से आर्किटेक्ट हैं। चंद्रकांत सोमपुरा ने कई मंदिरों की डिजाइन तैयार की है जैसे कि अक्षरधाम मंदिर।

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राम मंदिर परिसर में एक प्रार्थना कक्ष, एक रामकथा कुंज (व्याख्यान कक्ष), एक वैदिक पाठशाला (शैक्षणिक सुविधा), एक संत निवास और एक यति निवास (आगंतुकों के लिए हॉस्टल), एक संग्रहालय, एक कैफेटेरिया जैसे कई निर्माण किए जाएँगे। राम मंदिर का निर्माण बार पूरा होने के बाद यह मंदिर परिसर दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा हिंदू मंदिर होगा। आपको बता दें की अभी जिस मॉडल पर राम मंदिर का निर्माण किया जा रहा है, इस मॉडल को 2019 में प्रयाग कुंभ मेले के दौरान प्रदर्शित किया गया था।

राम मंदिर का निर्माण (Construction of Ram Mandir )

मार्च 2020 में श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट द्वारा राम मंदिर के निर्माण का पहला चरण शुरू किया था। लेकिन कोरोना महामारी के कारण लगे लॉकडाउन और भारत-चीन की LAC पर झड़प के कारण राम मंदिर के निर्माण कार्य को कुछ समय के लिए अस्थायी रूप से रोक दिया गया था।

निर्माण स्थल की खुदाई के दौरान एक शिवलिंग, हिंदू मंदिर के खंभे और कई टूटी हुई मूर्तियाँ मिलीं। 25 मार्च 2020 को भगवान राम की मूर्ति को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में एक अस्थायी स्थान पर विराजित किया गया था।

5 अगस्त 2020 को होने वाली एक भव्य ग्राउंड-ब्रेकिंग समारोह या शिलान्यास के बाद राम मंदिर का निर्माण फिर से शुरू होगा। राम मंदिर शिलान्यास समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शामिल होंगे। मंदिर शिलान्यास समारोह से पहले तीन दिवसीय वैदिक अनुष्ठान आयोजित किया जाएगा, इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 5 अगस्त को राम मंदिर के निर्माण की आधारशिला रखेंगे। मंदिर की नींव में 40 किलो चांदी से बनी एक ईंट (40 kg silver brick) की स्थापना की जाएगी। इसी के ऊपर राम मंदिर का निर्माण किया जाएगा।

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राम मंदिर वास्तुकला (Ram Mandir Model & Architecture)

अयोध्या राम मंदिर का नया डिजाइन

राम मंदिर का मूल डिजाइन 1988 में तैयार किया गया था। अब राम मंदिर की नई और फ़ाइनल डिज़ाइन तैयार हुई है उसमें मंदिर की ऊँचाई 20 फीट बढा देने से अब कुल ऊंचाई 161 फीट होगी।

राम मंदिर डिज़ाइन में क्या नया जोड़ा गया है

पुरानी डिजाइन के साथ कोई छेडछाड नही किया गया है। सिर्फ़ इसमें दो नए मंडप जोड़ें गए हैं। साथ ही बेस के फुटफॉल को बढ़ाया गया है।

राम मंदिर निर्माण कार्य जल्द शुरू होगा

श्री राम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट को मंदिर निर्माण और प्रबंधन का का जिम्मा दिया गया है। पांच अगस्त को भूमि पूजन शिलान्यास के बाद राम मंदिर का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।

मंदिर निर्माण कार्य प्रगति पर है

एलएंडटी को राम मंदिर के निर्माण का ठेका दिया गया है। कम्पनी के कर्मचारी उपकरणों के साथ मंदिर परिसर में पहुँच चुके हैं। मंदिर निर्माण कार्य शुरू होने के बाद निर्माण पूरा होने में लगभग साढ़े तीन साल लगने की उम्मीद है।


निर्माण स्थल की खुदाई के दौरान मिले हिंदू मंदिर के अवशेष

अयोध्या में बनने वाला राम मंदिर कैसा होगा ? राम मंदिर मॉडल और वास्तुकला की जानकारी ?

श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट क्या है ?

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5 अगस्त 2020 को राम मंदिर के लिए हुआ भव्य भूमि पूजन/शिलान्यास

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अयोध्या अध्यादेश 1993 (Ayodhya Ordinance 1993)

राम मंदिर की Photos

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